कार्यक्रम के आयोजन में प्रो. प्रलय चटर्जी, डॉ. शक्ति प्रसाद एवं डॉ. वाई. रामु नायडू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। ये तीनों कार्यक्रम के आयोजन संयोजक थे
कार्यशाला का समापन समारोह 8 अगस्त 2026 को एनआईटी जमशेदपुर के DJLHC, Room No. 212 में आयोजित किया गया। समारोह में एनआईटी जमशेदपुर के निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधार, उप निदेशक प्रो. आर वी शर्मा तथा गणित विभाग के विभागाध्यक्ष (प्रभारी) डॉ. रत्नेश कुमार मिश्रा उपस्थित रहे। इस अवसर पर डॉ. राजत त्रिपाठी सहित गणित विभाग के अन्य संकाय सदस्य एवं कार्यशाला के प्रतिभागी भी उपस्थित थे

कार्यक्रम के आयोजन में प्रो. प्रलय चटर्जी, डॉ. शक्ति प्रसाद एवं डॉ. वाई. रामु नायडू की महत्वपूर्ण भूमिका रही। ये तीनों कार्यक्रम के आयोजन संयोजक थे
कार्यशाला का समापन समारोह 8 अगस्त 2026 को एनआईटी जमशेदपुर के DJLHC, Room No. 212 में आयोजित किया गया। समारोह में एनआईटी जमशेदपुर के निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधार, उप निदेशक प्रो. आर वी शर्मा तथा गणित विभाग के विभागाध्यक्ष (प्रभारी) डॉ. रत्नेश कुमार मिश्रा उपस्थित रहे। इस अवसर पर डॉ. राजत त्रिपाठी सहित गणित विभाग के अन्य संकाय सदस्य एवं कार्यशाला के प्रतिभागी भी उपस्थित थे।
अपने संबोधन में निदेशक प्रो. गौतम सूत्रधार ने कार्यशाला के सफल आयोजन के लिए गणित विभाग एवं आयोजन टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण के लिए शिक्षकों का निरंतर अकादमिक विकास अत्यंत आवश्यक है। ऐसे शिक्षक संवर्धन कार्यक्रम शिक्षकों को विषय की नवीन अवधारणाओं एवं प्रभावी शिक्षण पद्धतियों से जोड़ने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
उन्होंने कहा कि Linear Algebra तथा Differential एवं Integral Calculus जैसे मूलभूत विषयों की बेहतर समझ विद्यार्थियों की गणितीय एवं विश्लेषणात्मक क्षमता के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने प्रतिभागियों से कार्यशाला के दौरान प्राप्त ज्ञान एवं अनुभव को अपने-अपने संस्थानों में विद्यार्थियों तक पहुंचाने का आहवान किया।
समापन समारोह में प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। प्रतिभागियों ने कार्यशाला को उपयोगी एवं ज्ञानवर्धक बताते हुए विशेषज्ञों तथा आयोजन टीम के प्रति आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम के अंत में डॉ. वाई रामू नायडू ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया। इसके बाद राष्ट्रगान एवं समूह फोटो सत्र के साथ कार्यशाला का समापन हुआ।



