एनआईटी जमशेदपुर में स्वर्ण एवं रजत जयंती पूर्व छात्र सम्मेलन की तैयारियां तेज, 25 जनवरी 2027 को होगा भव्य आयोजन
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) जमशेदपुर एवं नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी जमशेदपुर एलुमनाई एसोसिएशन (एनआईटीजेएए) ने 25 जनवरी 2027 को आयोजित होने वाले स्वर्ण एवं रजत जयंती पूर्व छात्र सम्मेलन की तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में शुक्रवार को निदेशक कक्ष में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक आयोजित की गई जिसमें समारोह की रूपरेखा, आयोजन संबंधी जिम्मेदारियों एवं भावी कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की गई

एनआईटी जमशेदपुर में स्वर्ण एवं रजत जयंती पूर्व छात्र सम्मेलन की तैयारियां तेज, 25 जनवरी 2027 को होगा भव्य आयोजन
जमशेदपुर- राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) जमशेदपुर एवं नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी जमशेदपुर एलुमनाई एसोसिएशन (एनआईटीजेएए) ने 25 जनवरी 2027 को आयोजित होने वाले स्वर्ण एवं रजत जयंती पूर्व छात्र सम्मेलन की तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में शुक्रवार को निदेशक कक्ष में एक महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक आयोजित की गई जिसमें समारोह की रूपरेखा, आयोजन संबंधी जिम्मेदारियों एवं भावी कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक प्रो. गौतम सुत्रधार ने की। बैठक में एनआईटीजेएए के सलाहकार बोर्ड के सदस्य एवं झारखंड राज्य विद्युत बोर्ड के पूर्व सदस्य ई. सी. डी. कुमार, एनआईटीजेएए के महासचिव कर्नल आर. पी. सिंह एवं ई. अनिल शुक्ला, एनआईटीजेएए जमशेदपुर चैप्टर के अध्यक्ष ई. संदीप मिश्रा, ई. अरुण मिश्रा, ई. यतीश कुमार मलिक, डीन (उद्योग एवं अंतरराष्ट्रीय संबंध) डॉ. रश्मि सिन्हा, एसोसिएट डीन सुश्री स्वाति सुधा एवं डॉ. राम कृष्ण सहित अन्य सदस्य उपस्थित थे।
अपने संबोधन में प्रो. गौतम सुत्रधार ने कहा कि संस्थान के विकास में पूर्व छात्रों का योगदान सदैव महत्वपूर्ण रहा है। उन्होंने कहा कि स्वर्ण एवं रजत जयंती समारोह केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि पूर्व छात्रों को अपनी मातृसंस्था से पुनः जोड़ने तथा शिक्षा, अनुसंधान, नवाचार और उद्योग जगत के साथ सहयोग को नई दिशा देने का महत्वपूर्ण अवसर होगा।
बैठक में पूर्व छात्र सम्मेलन की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। आयोजन की कार्ययोजना, विभिन्न समितियों के दायित्व, वित्तीय प्रबंधन तथा एनआईटीजेएए, संस्थान एवं स्टूडेंट्स एलुमनाई काउंसिल के बीच समन्वित कार्यप्रणाली पर चर्चा की गई, ताकि कार्यक्रम का सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन सुनिश्चित किया जा सके।
बैठक के दौरान एनआईटीजेएए ने छात्र हित से जुड़ी परियोजनाओं के लिए एनआईटी जमशेदपुर को 10 लाख रुपये की वित्तीय सहायता देने का प्रस्ताव रखा। साथ ही नवाचार, उद्यमिता और शैक्षणिक उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूर्व छात्रों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए दीर्घकालिक सहयोग की रूपरेखा पर भी विचार-विमर्श किया गया।
पूर्व छात्र नेटवर्क को और अधिक सशक्त बनाने के लिए यह प्रस्ताव भी रखा गया कि संस्थान से स्नातक होने वाले विद्यार्थियों का प्लेसमेंट प्रक्रिया के दौरान बिना किसी पंजीकरण शुल्क के एनआईटीजेएए में अनिवार्य पंजीकरण कराया जाए। इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों को स्थायी रोजगार प्राप्त होने तक मात्र 100 रुपये के नाममात्र शुल्क पर आजीवन सदस्यता उपलब्ध कराने के प्रस्ताव पर भी चर्चा हुई।
बैठक में संस्थान के वैश्विक पूर्व छात्र नेटवर्क का उपयोग इंटर्नशिप, कॉर्पोरेट मेंटरशिप, सहयोगात्मक अनुसंधान, प्लेसमेंट तथा उद्योग–संस्थान साझेदारी को मजबूत बनाने पर भी विचार किया गया। सदस्यों ने सुझाव दिया कि संस्थान की प्रमुख उपलब्धियों एवं महत्वपूर्ण गतिविधियों की जानकारी नियमित रूप से एनआईटीजेएए को उपलब्ध कराई जाए, ताकि उन्हें एलुमनाई वेबसाइट एवं वैश्विक पूर्व छात्र नेटवर्क के माध्यम से व्यापक स्तर पर साझा किया जा सके।
बैठक में यह भी सहमति बनी कि एनआईटी जमशेदपुर में आयोजित सभी प्रमुख कार्यक्रमों एवं गतिविधियों की जानकारी नियमित रूप से एनआईटीजेएए के महासचिव को भेजी जाएगी, जिससे उन्हें विश्वभर में फैले पूर्व छात्रों तक पहुँचाया जा सके। वहीं, एलुमनाई एसोसिएशन की गतिविधियों एवं उपलब्धियों को समय-समय पर संस्थान के एनआईटी न्यूज़लेटर में भी प्रकाशित किया जाएगा।
बैठक के अंत में विभिन्न प्रस्तावों के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए प्रमुख कार्य बिंदुओं का निर्धारण करते हुए संबंधित सदस्यों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं। सभी प्रतिभागियों ने विश्वास व्यक्त किया कि आगामी स्वर्ण एवं रजत जयंती पूर्व छात्र सम्मेलन संस्थान की गौरवशाली विरासत का उत्सव होने के साथ-साथ पूर्व छात्रों और संस्थान के बीच संबंधों को और अधिक मजबूत करेगा तथा एनआईटी जमशेदपुर के दीर्घकालिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा

