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सिंहभूम चैम्बर की 75वीं आमसभा संपन्न

चारों उपसमितियों के प्रस्ताव, संकल्प एवं वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट सर्वसम्मति से पारित 75वीं आमसभा के अवसर पर विशेष स्मारिका का विमोचन, पिछले एक वर्ष की गतिविधियों एवं उपलब्धियों को किया गया संकलित मेरिन ड्राइव सड़क दुर्घटना में मृतकों को दो मिनट का मौन रखकर दी गई श्रद्धांजलि

जमशेदपुर- सिंहभूम चैम्बर की 75वीं आमसभा संपन्न

चारों उपसमितियों के प्रस्ताव, संकल्प एवं वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट सर्वसम्मति से पारित

75वीं आमसभा के अवसर पर विशेष स्मारिका का विमोचन, पिछले एक वर्ष की गतिविधियों एवं उपलब्धियों को किया गया
संकलित


मेरिन ड्राइव सड़क दुर्घटना में मृतकों को दो मिनट का मौन रखकर दी गई श्रद्धांजलि

जमशेदपुर- सिंहभूम चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री की 75वीं आमसभा आज चैम्बर भवन में पूर्वाह्न 11:30 बजे संपन्न हुई। आमसभा में चैम्बर की चारों उपसमितियों द्वारा प्रस्तुत प्रस्ताव एवं संकल्प तथा वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट को सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित किया। इस अवसर पर चैम्बर की 75वीं आमसभा के उपलक्ष्य में एक विशेष स्मारिका का विमोचन भी किया गया, जिसमें पिछले एक वर्ष के दौरान चैम्बर द्वारा किए गए कार्यों, गतिविधियों एवं उपलब्धियों को संकलित किया गया है।

आमसभा के उपरांत पिछले दिनों मेरिन ड्राइव पर हुई सड़क दुर्घटना में मृत सार्थक अग्रवाल, पिता श्री चेतन अग्रवाल; नमन गुप्ता, पिता श्री राजीव गुप्ता; तृषा सिंह, पिता श्री रत्नेश सिंह एवं माता झारखंड सरकार की मंत्री श्रीमती दीपिका सिंह पाण्डेय; तथा वंशिका खंडेलवाल, पिता श्री पंकज खंडेलवाल की स्मृति में सभी सदस्यों ने दो मिनट का मौन रखकर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।


अध्यक्ष मानव केडिया का संबोधन

आमसभा की शुरुआत अध्यक्ष मानव केडिया के स्वागत एवं अध्यक्षीय संबोधन से हुई। उन्होंने उपस्थित पूर्व अध्यक्षों एवं सदस्यों का स्वागत करते हुए पिछले एक वर्ष के दौरान चैम्बर की गतिविधियों में सहयोग के लिए सभी का आभार व्यक्त किया।

अध्यक्ष मानव केडिया ने कहा कि 74वीं आमसभा एवं चुनाव के बाद जब उन्होंने और उनके युवा साथियों ने चैम्बर की जिम्मेदारी संभाली, तो उनका उद्देश्य उद्योग एवं व्यापार के हितों के साथ-साथ जनहित से जुड़े विषयों, जैसे एयरपोर्ट, रेलवे एवं जनसुविधाओं को प्राथमिकता देना था। सदस्यों के स्वास्थ्य एवं सामाजिक सहभागिता को ध्यान में रखते हुए खेलकूद गतिविधियों को भी प्राथमिकता दी गई।
उन्होंने कहा कि औद्योगिक क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए चैम्बर लगातार संबंधित अधिकारियों, जियाडा एवं सरकार के समक्ष मुद्दे उठाता रहा है। राज्यभर में उद्योग एवं व्यापार के समक्ष आने वाली समस्याओं को समझने तथा साझा मंच उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पहली बार झारखंड के 19 चैम्बरों को एक मंच पर आमंत्रित कर सिम्पोजियम का आयोजन किया गया।

उन्होंने कहा कि चैम्बर द्वारा धालभूमगढ़ एयरपोर्ट, रेलवे सुविधाओं, कानून-व्यवस्था एवं सुरक्षा, व्यापार, नवाचार, स्वास्थ्य तथा जनसुविधाओं से जुड़े विषयों पर लगातार कार्य किया जा रहा है। उन्होंने चैम्बर के प्रयासों में सहयोग के लिए पुलिस के उच्चाधिकारियों, उपायुक्त, कोल्हान के डीआईजी, जियाडा तथा मीडिया प्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया।

75वीं आमसभा के अवसर पर विशेष स्मारिका का विमोचन

75वीं आमसभा के अवसर पर चैम्बर की एक विशेष स्मारिका का विमोचन किया गया। स्मारिका में पिछले एक वर्ष के दौरान चैम्बर द्वारा उद्योग, व्यापार, सामाजिक सरोकार, जनहित एवं सदस्य कल्याण के क्षेत्र में किए गए कार्यों, गतिविधियों एवं उपलब्धियों को संकलित किया गया है। इसका उद्देश्य चैम्बर की गतिविधियों एवं उपलब्धियों को सदस्यों तक पहुंचाना तथा संगठन के कार्यों का दस्तावेजीकरण करना है।

महासचिव ने प्रस्तुत किया वार्षिक प्रतिवेदन

महासचिव पुनीत कांवटिया ने वार्षिक प्रतिवेदन प्रस्तुत करते हुए बताया कि पिछले एक वर्ष के दौरान चैम्बर द्वारा व्यवसाय एवं उद्योग हित के साथ-साथ आम लोगों से जुड़े विषयों पर भी कई कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही। उन्होंने कहा कि इस सत्र के दौरान जो कार्य अधूरे रह गए हैं, उन्हें आगामी सत्र में पूरा करने का प्रयास किया जाएगा।

इसके बाद कोषाध्यक्ष सीए अनिल रिंगसिया ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट आमसभा के समक्ष प्रस्तुत की, जिसे सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित किया।

चारों उपसमितियों के प्रमुख प्रस्ताव एवं संकल्प

आमसभा में चारों उपसमितियों द्वारा प्रस्तुत प्रस्तावों एवं संकल्पों को सर्वसम्मति से पारित किया गया। इनमें उद्योग एवं व्यापार के विकास, स्थानीय उद्यमियों को प्रोत्साहन, कर व्यवस्था के सरलीकरण, औद्योगिक आधारभूत संरचना तथा जनसुविधाओं से संबंधित महत्वपूर्ण विषय शामिल हैं।

1. व्यापार एवं वाणिज्य उपसमिति

प्रस्तुतकर्ता: उपाध्यक्ष अनिल मोदी एवं सचिव भरत मकानी

1. टेक्सटाइल एवं गारमेंट पार्क: कोल्हान में टेक्सटाइल एवं गारमेंट पार्क की स्थापना तथा क्षेत्र को ट्रेडिंग हब के रूप में विकसित करने के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार से प्रभावी पहल एवं पत्राचार करना।
2. खाद्य प्रसंस्करण उद्योग: कोल्हान में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग को बढ़ावा देने तथा स्थानीय उद्यमियों को सरकारी योजनाओं एवं बाजार से जोड़ने के लिए विशेष प्रयास करना।
3. डिजिटल व्यापार एवं साइबर सुरक्षा: ई-कॉमर्स एवं डिजिटल व्यापार की बढ़ती प्रतिस्पर्धा को देखते हुए स्थानीय व्यापारियों के लिए डिजिटल मार्केटिंग, ई-कॉमर्स एवं साइबर सुरक्षा संबंधी प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करना।
4. प्रमुख बाजारों का आधुनिकीकरण: जमशेदपुर के प्रमुख बाजारों में पार्किंग, यातायात, सफाई, प्रकाश, सुरक्षा एवं अग्निशमन जैसी मूलभूत सुविधाओं के विकास के लिए प्रशासन से समन्वय करना।
5. व्यापारी कल्याण बोर्ड: व्यापारी कल्याण बोर्ड के गठन तथा व्यापारियों के लिए पेंशन, बीमा, दुर्घटना सहायता एवं ग्रुप बीमा जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाएं लागू करने की मांग सरकार से करना।
6. ट्रेड लाइसेंस एवं व्यापारिक प्रक्रियाओं का सरलीकरण: ट्रेड लाइसेंस एवं अन्य व्यापारिक प्रक्रियाओं को सरल बनाने के लिए संबंधित विभागों के साथ नियमित संवाद एवं समस्या समाधान शिविर आयोजित करना।
7. स्थानीय एमएसएमई एवं व्यापारियों को प्रोत्साहन: सरकारी खरीद एवं स्थानीय बाजार में स्थानीय एमएसएमई और व्यापारियों को प्राथमिकता दिलाने तथा व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए आवश्यक पहल करना।
8. सिक्का वितरण अभियान: बाजार में रेजगारी की किल्लत दूर करने के लिए लगातार सिक्का वितरण अभियान चलाना।
9. कृषि उत्पादन बाजार समिति का विकास: कृषि उत्पादन बाजार समिति के समग्र विकास के लिए राज्य सरकार से पत्राचार एवं समन्वय जारी रखना।
2. जनसंपर्क एवं कल्याण उपसमिति

प्रस्तुतकर्ता: उपाध्यक्ष अभिषेक अग्रवाल गोल्डी एवं सचिव सुरेश शर्मा लिपु

1. एविएशन सेक्टर एवं एयरपोर्ट: जमशेदपुर या उसके आसपास एयरपोर्ट की आवश्यकता को देखते हुए क्षेत्र की बेहतर कनेक्टिविटी एवं आर्थिक विकास के लिए झारखंड सरकार और भारत सरकार के साथ सक्रिय रूप से पहल करना।
2. रेलवे एवं बस स्टैंड: टाटानगर रेलवे स्टेशन के इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास तथा अन्य बड़े शहरों की तर्ज पर स्टेशन के समीप लंबी दूरी की बसों के लिए नया बस स्टैंड विकसित करने की पहल करना।
3. चैम्बर की नई प्रशासनिक इमारत: सिंहभूम चैम्बर के लिए जमीन की खरीद तथा 500 सीटों वाले ऑडिटोरियम सहित नई प्रशासनिक इमारत के निर्माण की दिशा में पहल करना।
4. पर्यटन, विरासत एवं सांस्कृतिक विकास: कोल्हान को प्रमुख पर्यटन एवं विरासत स्थल के रूप में विकसित करने के लिए स्वदेश दर्शन योजना 2.0 के तहत राज्य सरकार के माध्यम से भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय को विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) सौंपना।
5. जमशेदपुर को स्मार्ट सिटी का दर्जा: जमशेदपुर को स्मार्ट सिटी के रूप में नामित करने के लिए सरकार से आग्रह करना।
6. सदस्यता डेटा अपडेट एवं विस्तार: सटीकता एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सिंहभूम चैम्बर के मौजूदा सदस्यों के डेटा को अपडेट करना तथा सदस्यता विस्तार अभियान को आगे बढ़ाना।
7. वार्षिक बिजनेस लीडरशिप कॉन्क्लेव: उद्योगपतियों, नीति-निर्माताओं एवं निवेशकों को आमंत्रित करते हुए वार्षिक सिंहभूम चैम्बर बिजनेस लीडरशिप कॉन्क्लेव एवं पुरस्कार समारोह आयोजित करना।
8. राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय बिजनेस टाई-अप: वैश्विक संपर्क एवं निर्यात को बढ़ावा देने के लिए बांग्लादेश, नेपाल, भूटान, दक्षिण-पूर्व एशिया एवं भारत के पूर्वोत्तर राज्यों में प्रतिनिधिमंडल भेजना।
9. टाटा कमांड एरिया की संपत्तियों की रजिस्ट्री: टाटा कमांड एरिया की संपत्तियों की रजिस्ट्री तथा लीज एरिया में संपत्तियों के लिए बैंक फाइनेंस की व्यवस्था हेतु पहल करना।
10. प्रिविलेज्ड मेंबरशिप कार्ड: प्रमुख रेस्टोरेंट, फार्मेसी, होटल, रिटेल आउटलेट, हेल्थकेयर प्रोवाइडर एवं अन्य व्यवसायों के साथ साझेदारी कर चैम्बर सदस्यों को विशेष छूट, ऑफर एवं प्राथमिकता वाले लाभ उपलब्ध कराना

3. वित्त एवं कराधान उपसमिति

प्रस्तुतकर्ता: उपाध्यक्ष अधिवक्ता राजीव अग्रवाल एवं सचिव अंशुल रिंगसिया

अप्रत्यक्ष कर

1. जीएसटी अपीलेट बेंच: जमशेदपुर कमिश्नरेट में जीएसटी अपीलेट बेंच की स्थापना एवं संचालन की मांग करना, ताकि जीएसटी से जुड़े विवादों का प्रभावी समाधान हो तथा लंबित मामलों की संख्या कम हो।
2. झारखंड प्रोफेशनल टैक्स एमनेस्टी: झारखंड प्रोफेशनल टैक्स के तहत लगने वाले ब्याज को माफ करने तथा इसके लिए सरकार द्वारा एमनेस्टी योजना लाने की मांग करना।
3. जीएसटी वार्षिक रिटर्न एमनेस्टी योजना: जीएसटी के तहत एमनेस्टी योजना के लिए पैरवी करना, ताकि जिन डीलरों ने किसी कारणवश वार्षिक रिटर्न दाखिल नहीं किया है, वे एकमुश्त इसे दाखिल कर सकें।

प्रत्यक्ष कर

4. टैक्स कानूनों में बदलाव: टैक्स कानूनों, नियमों एवं अनुपालन आवश्यकताओं में बार-बार होने वाले बदलावों का मुद्दा संबंधित अधिकारियों के समक्ष उठाना। बड़े बदलावों की जानकारी पहले से उपलब्ध कराने तथा उन्हें लागू करने के लिए उचित समय देने की मांग करना।
5. प्रत्यक्ष कर विवादों का समाधान: प्रत्यक्ष करों से जुड़े कानूनी विवादों को कम करने के लिए वित्त मंत्रालय के समक्ष सुझाव रखना। इसके तहत विभागीय अपीलों के लिए मौद्रिक सीमा बढ़ाने, सीआईटी (अपील) स्तर पर लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे तथा फेसलेस अपील व्यवस्था के विस्तार की सिफारिश करना।

4. उद्योग उपसमिति

प्रस्तुतकर्ता: उपाध्यक्ष हर्ष बाकरेवाल एवं सचिव बिनोद शर्मा

1. नए औद्योगिक पार्क एवं विनिर्माण क्लस्टर: झारखंड सरकार के साथ सक्रिय पहल करते हुए कोल्हान क्षेत्र में नए औद्योगिक पार्क अथवा विशिष्ट विनिर्माण क्लस्टर की स्थापना के लिए प्रयास करना।
2. टाटानगर में कोचिंग डिपो: टाटानगर में कोचिंग डिपो की स्थापना के लिए अनुरोध करना।
3. एमएसएमई सुविधा केंद्र: जमशेदपुर में समर्पित एमएसएमई सुविधा केंद्र की स्थापना के लिए प्रयास करना, जहां एमएसएमई इकाइयों को अनुमोदन, पंजीकरण, सरकारी योजनाओं, वित्त, तकनीक, विपणन एवं अन्य व्यावसायिक आवश्यकताओं के संबंध में एक ही स्थान पर सहायता मिल सके।
4. औद्योगिक कनेक्टिविटी: औद्योगिक क्षेत्रों की कनेक्टिविटी में सुधार के लिए आवश्यक पहल करना।
5. प्रतिस्पर्धी विद्युत आपूर्ति: औद्योगिक इकाइयों, विशेषकर भारी एवं अधिक ऊर्जा खपत वाले उद्योगों की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता बढ़ाने के लिए प्रतिस्पर्धी विद्युत दर, विश्वसनीय विद्युत आपूर्ति एवं विद्युत बुनियादी ढांचे में सुधार हेतु संबंधित प्राधिकरणों के समक्ष पहल करना।
6. वेंडर डेवलपमेंट कार्यक्रम: कोल्हान क्षेत्र एवं आसपास स्थित बड़े उद्योगों तथा एमएसएमई इकाइयों के साथ नियमित बैठकें, वेंडर डेवलपमेंट कार्यक्रम एवं बी2बी संवाद आयोजित करना।
7. इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर का पुनरुद्धार: इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (EMC) के उचित बुनियादी ढांचे, सुरक्षा, संरक्षा एवं आवश्यक सुविधाओं के साथ पुनरुद्धार एवं उन्नयन तथा एंकर यूनिट को आकर्षित करने के लिए प्रयास करना।
8. झारखंड सिंगल विंडो सिस्टम: सिंगल विंडो सिस्टम को और अधिक सुव्यवस्थित एवं प्रभावी बनाने की पहल करना।
9. इंडस्ट्रियल पॉलिसी एवं जियाडा रेगुलेशन: चैम्बर द्वारा दिए गए सुझावों एवं अनुशंसाओं के अनुरूप इंडस्ट्रियल पॉलिसी 2026 एवं जियाडा रेगुलेशन 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पहल करना।
10. सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूकता: एमएसएमई एवं अन्य औद्योगिक इकाइयों के लिए केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं को अधिक सरल, सुलभ एवं व्यापक रूप से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नियमित सेमिनार, कार्यशाला, जागरूकता कार्यक्रम एवं ज्ञानवर्धक सत्र आयोजित करना।
11. कोल्हान में जेएसएमडीसी कार्यालय: कोल्हान क्षेत्र में जेएसएमडीसी कार्यालय की स्थापना के लिए पहल करना।

पूर्व अध्यक्षों ने साझा किए अनुभव

इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष मुरलीधर केडिया, उमेश कांवटिया एवं निवर्तमान अध्यक्ष विजय आनंद मूनका ने आमसभा को संबोधित किया। उन्होंने पिछले एक वर्ष के दौरान चैम्बर द्वारा किए गए कार्यों एवं उपलब्धियों के लिए पदाधिकारियों को बधाई दी तथा अपने अनुभव साझा किए।

पूर्व अध्यक्षों ने चैम्बर की गौरवशाली परंपरा, संगठन की भूमिका एवं उद्योग-व्यापार के हित में किए जा रहे प्रयासों पर अपने विचार रखे। उन्होंने सदस्यों से संगठन की एकजुटता बनाए रखते हुए चैम्बर की गतिविधियों में सक्रिय सहभागिता जारी रखने का आग्रह किया।

अंत में कोषाध्यक्ष सीए अनिल रिंगसिया के धन्यवाद ज्ञापन के साथ आमसभा की कार्यवाही समाप्त हुई।

सदस्यों की उपस्थिति

आमसभा में मनोज गोयल, चन्द्रकांत जटाकिया, उमेश खीरवाल, पीयूष गोयल, अश्विनी अग्रवाल, बिमल अग्रवाल, पवन नरेडी, राजेश जैसुका, दीपक चेतानी, जयप्रकाश हीरवाल, उमेश शर्मा, सीए पवन अग्रवाल, पवन शर्मा, अजय कुमार भालोटिया, सावरमल अग्रवाल, दिलीप अग्रवाल, सतीश कुमार सिंह, चेतन गर्ग, उमंग अग्रवाल, अजय कुमार, अमिश अग्रवाल, विष्णु गोयल एवं शांतनु घोष सहित बड़ी संख्या में चैम्बर के सदस्य उपस्थित थे।

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