विज्ञान ज्योति स्कूल के छात्रों और शिक्षकों का सीएसआईआर-एनएमएल दौरा सीएसआईआर-जिज्ञासा वर्चुअल प्रयोगशाला कार्यक्रम सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला, जमशेदपुर द्वारा आयोजित
सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (एनएमएल), जमशेदपुर ने वैज्ञानिक जागरूकता को बढ़ावा देने और छात्रों को वैज्ञानिक अनुसंधान और नवाचार की दुनिया से परिचित कराने के उद्देश्य से अक्षर इंटरनेशनल स्कूल, जमशेदपुर के ४२ छात्रों और ५ शिक्षकों के लिए एक प्रयोगशाला दौरे का आयोजन किया। यह कार्यक्रम सीएसआईर-जिज्ञासा वर्चुअल लेबोरेटरी प्रोजेक्ट के तहत आयोजित किया गया था

विज्ञान ज्योति स्कूल के छात्रों और शिक्षकों का सीएसआईआर-एनएमएल दौरा सीएसआईआर-जिज्ञासा वर्चुअल प्रयोगशाला कार्यक्रम सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला, जमशेदपुर द्वारा आयोजित

जमशेदपुर- सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (एनएमएल), जमशेदपुर ने वैज्ञानिक जागरूकता को बढ़ावा देने और छात्रों को वैज्ञानिक अनुसंधान और नवाचार की दुनिया से परिचित कराने के उद्देश्य से अक्षर इंटरनेशनल स्कूल, जमशेदपुर के ४२ छात्रों और ५ शिक्षकों के लिए एक प्रयोगशाला दौरे का आयोजन किया। यह कार्यक्रम सीएसआईर-जिज्ञासा वर्चुअल लेबोरेटरी प्रोजेक्ट के तहत आयोजित किया गया था।

सुबह एक उदघाटन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत सीएसआईआर-एनएमएल के निदेशक डॉ. संदीप घोष चौधरी के स्वागत भाषण से हुई। उन्होंने कार्यक्रम में शामिल हुए सभी लोगों का स्वागत किया और पिछले ७५ गौरवशाली वर्षों में विभिन्न तकनीकी विकास और अग्रणी कार्यों के माध्यम से देश के विकास में सीएसआईआर-राष्ट्रीय धातुकर्म प्रयोगशाला (एनएमएल), के योगदान का संक्षेप में उल्लेख किया।

स्वागत भाषण के बाद, डॉ. के. गोपाला कृष्णा (साइंटिस्ट-जी और विभाग प्रमुख, आईऍमडीसी) ने सीएसआईर-एनएमएल के महत्व और रिसर्च व डेवलपमेंट गतिविधियों में इसके योगदान पर चर्चा की।

इसके बाद डॉ. अनिमेष जाना वैज्ञानिक (डी) और प्रोजेक्ट ने जिज्ञासा कार्यक्रम के उद्देश्यों पर चर्चा की। उन्होंने स्कूली छात्रों में वैज्ञानिक जिज्ञासा को बढ़ावा देने और वैज्ञानिकों तथा युवा प्रतिभाओं के बीच संबंध को मजबूत करने के कार्यक्रम के दृष्टिकोण को विस्तार से समझाया।
इस कार्यक्रम में एप्लाइड एंड एनालिटिकल केमिस्ट्री डिवीजन, क्रीप टेस्टिंग फैसिलिटीज, कार्यशाला, ई-वेस्ट रीसाइक्लिंग, ब्रास मेल्टिंग जैसी कुछ अनुसंधान प्रयोगशालाओं का दौरा और DIY किटों का प्रदर्शन शामिल था।
कार्यक्रम का समापन सभी उपस्थित लोगों द्वारा धन्यवाद ज्ञापन और समूह फोटोग्राफ के साथ हुआ। कुल मिलाकर, छात्रों और शिक्षकों ने प्रयोगशाला के दौरे और शोध गतिविधियों के प्रदर्शन के दौरान प्राप्त व्यावहारिक अनुभव पर अपनी अत्यधिक संतुष्टि व्यक्त की।


