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सरायकेला खरसांवा जिला अंतर्गत कांड्रा पंचायत के अंदर करीब करीब सभी जनवितरण प्रणाली की दुकानों में सामान नहीं देने की कहीं आधा सामान देने की कहीं मुंह देख कर सामान देने की बात सामने आ रही है

मार्च महीने के सामान वितरण में सबसे ज्यादा सामनों का हेर फेर की बात सामने आई है, कुछ महीनों से खास कर जब से गम्हरिया ब्लॉक में अनाज के गोदाम में आगजनी की घटना के साथ एजीएम अभिषेक हाजरा और कांड्रा के रहने वाले राजू सेनापति की अग्नि कांड में मौत हो गई थी तब से कुछ ज्यादा ही अनाज घोटाले किये जा रहे हैं

सरायकेला खरसावां कांड्रा- सरायकेला खरसांवा जिला अंतर्गत कांड्रा पंचायत के अंदर करीब करीब सभी जनवितरण प्रणाली की दुकानों में सामान नहीं देने की कहीं आधा सामान देने की कहीं मुंह देख कर सामान देने की बात सामने आ रही है

मार्च महीने के सामान वितरण में सबसे ज्यादा सामनों का हेर फेर की बात सामने आई है, कुछ महीनों से खास कर जब से गम्हरिया ब्लॉक में अनाज के गोदाम में आगजनी की घटना के साथ एजीएम अभिषेक हाजरा और कांड्रा के रहने वाले राजू सेनापति की अग्नि कांड में मौत हो गई थी तब से कुछ ज्यादा ही अनाज घोटाले किये जा रहे हैं इन दुकानदारों द्वारा गरीब की अनाज को चोरी कर अपना आय को बढ़ाने में तल्लीन नजर आए हैं,
कार्ड प्रति दो किलो डेढ़ किलो ये दुकानदारों द्वारा शुरू से ही कम सामान दिया जा रहा था फिर भी गरीब कुछ नहीं बोल रहे थे सह रहे थे सभी दुकानों के बारे में यह शिकायत शुरू से ही थी लेकिन मार्च महीने के सामानों में बड़ी पैमाने में घोटाला किया गया है जिसे पिला कार्ड है पैंतीस किलो सामान मिलना था उसे पांच किलो देकर ही खुश किया गया, और कई गुलाबी कार्ड धारियों को सिर्फ पांच किलो ही ये दुकानदार सामान दिए हैं,किसी को आधा किसी को मुंह देख कर सामान दिया गया है, कई महीने से दाल भी ये दुकानदार द्वारा देखने भी नहीं दिया गया कई महीनों से इसकी भी खबर है,ये लोग पहले प्रिंट ले लेते हैं और उल्टा सुलटा समझाकर आयेगा तो दे देंगे अभी नहीं आया है,ये लोग बोलकर गरीब का अनाज मारते हैं
और अपना आय बढ़ाते हैं,इस घोटाले में पूर्व मार्केटिंग ऑफिसर की भी मिली भगत की सूचना प्राप्त हुई है,एजीएम का भी पूरा हाथ होने की बात का भी खुलासा हुआ है अभिषेक हाजरा और राजू सेनापति के ऊपर भी करोड़ों रु की घपला बाजी की भी बात स्पष्ट है और ये लोगों का कुछ अपराधी से भी ताल्लुकात था और वे ही लोगों की संरक्षण में ही बड़े घोटाले की गई है,और कांड्रा में मार्च महीने के सामानों में घोटाले भी इन्हीं अपराधियों के संरक्षण से ही हुआ है, सूत्रों के मुताबिक ये भी पता चला है कि एजीएम अभिषेक हाजरा और राजू सेनापति के साथ हादसा नहीं हुई उसे जान से मारने का प्लान था और सोची समझी साजिश थी,इस बात का खुलासा हो जाएगा,यदि सरकार और जिला अधिकारी इसकी जांच निष्पक्ष करवाएं सवाल ये है कि देर रात आगजनी की घटना हुई तो एजीएम और और अभिषेक हाजरा को खबर कैसे किस माध्यम से और किसके द्वारा हुई आखिर देर रात आगजनी की घटना हुई तो वैसे कौन व्यक्ति थे जिनके पास अभिषेक हाजरा और राजू सेनापति का नम्बर था,और उस वक्त वहां क्या कर रहे थे,और इतने भीषण आग को देखते हुए ये लोग आग में कैसे झुलस गए ,क्या ये लोग आग बुझाने गए थे? इनके पास क्या था आग बुझाने के लिए ये बड़ी सवाल है, जब इस बात का खुलासा जांच अधिकारी नहीं कर पाए

अब तक तब इन्हीं अपराधियों के मिली भगत से कांड्रा में इतना बड़ा अनाज की चोरी मार्च महीने में की गई सवाल ये भी है,की आखिर सभी दुकानों में सामान पहुंच गया दाल पहुंच गया चावल तो पांच किलो देकर सभी से फिंगर प्रिंट लेकर सभी को शांत कर दिया गया और दाल तो देखने भी नहीं दिया गया करीब तीन महीने से तो आखिर वह समान कहां गया, इस अपराध में अपराधी गिरोह के साथ कोई प्रभाव शाली नेता की भी शामिल होने की पुष्टि हुई है इसकी भी खबर सूत्रों से मिला है, शंका है कि अपराधी सब मिलकर ही गरीब का अनाज लूटने का काम किया है,वैसे लोग को चिन्हित करे जिला प्रशासन, इसलिए जिला अधिकारी से और झारखंड सरकार और केंद्र सरकार से इस बात का अनुरोध है कि किसी भी सरकारी संस्था में प्राइवेट लोगों को सिर्फ लेबर कुली छोड़कर कोई मुंशी कोई लेखा जोखा का कोई देखभाल का काम में न रखे चाहे वह थाना हो, अंचल कार्यालय , कोई भवन निर्माण,कोई अनाज गोदाम ,कोई जल विभाग ,में या कोई बिजली विभाग में नहीं रखी जाय इन्हीं लोगों के जरिए ज्यादा गड़बड़ी चोरी अवैध वसूली कराई जाती है ऐसा संभव है,यदि कोई बहाल है तो उसको जल्द से जल्द हटा दी जाय और अब तक जो भी विभाग में जुड़कर काम किए है,उसे अविलंब हटा कर पुनः किसी भी तरह से उन्हें बहाल नहीं की जाय और जरूरत ही है तो भर्ती की प्रक्रिया कर अन्य लोगों की बहाली की जाय न कि उस विभाग में पूर्व से कार्यरत प्राइवेट लोगों की जयपाल स्टोर, सुनील स्टोर मां मंशा, हरिजन महिला समिति सूकरा स्टोर,अशोक स्टोर, शारदा देवी स्टोर शिवजी स्टोर, प्रमुख है,इन लोगों के द्वारा ये भी धमकाया जाता है कि ज्यादा बोलोगे तो सुदूर दुकानों में भेज दिया जाएगा ये भी एक अपराध ही है,नजदीकी दुकान में ही अनिवार्य है,इन सभी पर आपराधिक कानूनी कार्रवाई भी होनी चाहिए इन दुकानदारों की संपत्ति की भी जांच की जानी चाहिए, गलत पाए जाने से संपति सीज भी की जानी चाहिए और अभिषेक हाजरा और राजू सेनापति हादसा की भी अविलंब जांच की जानी चाहिए कि आगजनी हादसे की खबर कैसे किसके जरिए इन लोगों को मिली

रपट जगन्नाथ मिश्रा

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