महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता के संकल्प के साथ संपन्न हुआ महिला दिवस समारोह
अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर 'एकीकृत ग्रामीण विकास परियोजना' के तहत एच.जी फाउंडेशन के सहयोग एवं प्रयत्न संस्था द्वारा ग्राम भिलाईपहाड़ी में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया

महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता के संकल्प के साथ संपन्न हुआ महिला दिवस समारोह

जमशेदपुर- भिलाईपहाड़ी- आज अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर ‘एकीकृत ग्रामीण विकास परियोजना’ के तहत एच.जी फाउंडेशन के सहयोग एवं प्रयत्न संस्था द्वारा ग्राम भिलाईपहाड़ी में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस समारोह की अध्यक्षता टी.बी. विभाग की मेडिकल ऑफिसर डॉ. अनीता सामंत ने की

विशिष्ट अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति:
कार्यक्रम में मुख्य रूप से न्यू कोर्ट (साकची) से अनीता यादव, बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय से कीर्ति, फडलोगोंदा विद्यालय से संस्था प्रधान मीनू कुमारी और सहायक शिक्षिका अपर्णा महतो उपस्थित रहीं।
सशक्त भागीदारी:
इस समारोह में 05 गाँवों की स्वयं सहायता समूहों (SHG) की सदस्य, ग्राम विकास समिति के प्रतिनिधि, सिलाई प्रशिक्षण केंद्र की महिलाए, स्थानीय ग्रामीण महिलाएँ और स्कूली छात्राओं सहित 200 से अधिक प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

कार्यक्रम का मुख्य अंश:
आयोजन की शुरुआत प्रयत्न संस्था के सोनू गौर ने की उन्होंने अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्था एवं परियोजना के उद्देश्यों की विस्तृत जानकारी साझा की। वक्ताओं ने महिलाओं को उनके अधिकारों, स्वास्थ्य और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक किया।
ग्रामीण महिलाओं को जागरूक और सशक्त बनाने के उद्देश्य से आयोजित भव्य कार्यक्रम का सफल समापन हुआ। इस वर्ष के समारोह का मुख्य विषय “सभी महिलाओं के लिए अधिकार, न्याय और कार्रवाई” रहा, जो महिलाओं के अधिकारों की रक्षा और समाज में समानता सुनिश्चित करने पर केंद्रित रहा। कार्यक्रम में वैश्विक थीम “दान से लाभ” (Give to Gain) पर भी विस्तृत चर्चा की गई, जो उदारता, सहयोग और महिलाओं के लिए अवसरों में वृद्धि को प्रोत्साहित करती है।
आत्मनिर्भरता और कौशल विकास पर जोर
समारोह के दौरान महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और उद्यमिता विकास पर विचार साझा किए गए। संस्था द्वारा संचालित सिलाई प्रशिक्षण कार्यक्रम के प्रथम बैच की महिला लाभार्थियों को प्रमाणपत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया, जो उनकी आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। वक्ताओं ने शिक्षा को महिला अधिकारों के प्रति जागरूकता का सबसे सशक्त माध्यम बताया।
“उमंग खेल महोत्सव” में प्रतिभा का प्रदर्शन
महिलाओं के उत्साहवर्धन के लिए “उमंग खेल महोत्सव” का आयोजन किया गया। इसमें महिलाओं ने दौड़, रस्साकशी, गोली-चम्मच दौड़, गुब्बारा फोड़ और कुर्सी-संगीत जैसी प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाली विजेताओं को पुरस्कारों से नवाजा गया, वहीं सभी प्रतिभागियों को मेडल देकर उनकी खेल भावना का सम्मान किया गया।
सामूहिक संकल्प और भागीदारी:
कार्यक्रम को सफल बनाने में ऐश्वर्या दास, मोनिका प्रमाणिक, सागर सोनकर, प्रीति चौधरी, रेडी प्रत्यूषा, सत्येंद्र कुमार, यमुना महतो, सुब्रत महतो, चंचला रानी, रेणुका महतो, उर्मिला सिंह, रवि कुमार महतो और अधूरी सिंह ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अंत में, उपस्थित अतिथियों और विभिन्न गांवों से आई महिलाओं ने समाज में लैंगिक समानता को बढ़ावा देने और महिलाओं के अधिकारों की रक्षा के लिए मिलकर काम करने का संकल्प लिया




