धर्म रक्षिणी पौरोहित महासंघ के साकची स्थित वेद अध्ययन अनुशीलन केन्द्र पर धर्म रक्षिणी पौरोहित महासंघ का होली का आयोजन किया गया
जिसमें जमशेदपुर के विभिन्न स्थानों के आचार्यगण उपस्थित हुए। आचार्यों ने सामूहिक रूप से गणपति वंदना के साथ होली मिलन का कार्य प्रारम्भ किया

जमशेदपुर- आज धर्म रक्षिणी पौरोहित महासंघ के साकची स्थित वेद अध्ययन अनुशीलन केन्द्र पर धर्म रक्षिणी पौरोहित महासंघ का होली का आयोजन किया गया।

जिसमें जमशेदपुर के विभिन्न स्थानों के आचार्यगण उपस्थित हुए। आचार्यों ने सामूहिक रूप से गणपति वंदना के साथ होली मिलन का कार्य प्रारम्भ किया। पं० सुरेश झा ने आज अवध में होली रे रसिया एवं शिव मठ पर सोने लाल ध्वजा शिव मठ पर होली गीत का गायन किया। पंडित अशोक कुमार झा ने जहाँ सीताराम खेलाधि होरी एवं मिथिला में राम खेलधि होरी मिथिला में होली गीत का गायन किये उपस्थित आचार्यों ने होली गायन पर विभोर होकर नाचने लगे। महासंघ के अध्यक्ष प० विपिन कुमार झा ने भगवान गणेश जी के प्रतिमा एवं माता सरस्वती जी के तस्वीर पर अबीर एवं गुलाब पंखुरियों गेन्दा के पंखुरियों एवं इत्र अर्पण कर उपस्थित आचार्यों ने अबीर लगाकर एक दूसरों को होली की बधाई दिये। श्री झा ने अपने संबोधन में कहा कि होली रंगों का त्योहार है। जिस तरह रंग पानी में घुल मिल जाता है। उसी प्रकार इस समाज के लोग मानव धर्म को अपनाते हुए जाति धर्म से ऊपर उठकर समाज, मोहल्ला, राज्य एवं राष्ट्र कल्याण का कार्य कर भेदभाव को मिटाकर मानवता का प्रचार प्रसार करें। होली गायन का समापन पं० ब्रज किशोर शास्त्री ने सदा आनन्द रहे एही द्वारे मोहन खेले होली हो गायन कर समापन होली मिलन का समापन किया। होली मिलन समारोह में मुख्य रूप से पं० मुन्ना पांडेय, पं० राम अवधेश चौबे, पं० रवि जोशी, पं० विपिन झा, पं० प्रेमचन्द झा, पं० गोबिन्द झा, पं० सुरेश पाण्डेय, ५० आनन्द पाण्डेय, पं० अभिषेक, पं० नन्दलाल पांडेय, प० आराण शर्मा, पं० राजेश मिश्रा, पं० भरोसा तिवारी, पं० मनमोहन जोशी, पं० सत्य प्रकाश मिश्र, पं० आसीस बनर्जी एवं अन्य गणमान्य आचार्यगण उपस्थित थे।




