सोनारी परदेसी पाड़ा, बी ब्लॉक के रहने वाले संजय सोम ने भाड़े में रोहिणी महानंद को घर एग्रीमेंट के आधार पर दिया था
लगभग चार-पांच साल बीत जाने के बाद रोहणी महानंद उस घर में कब्जा जमाए हुए हैं। पिछले 2 साल से उन्होंने भाड़ा भी नहीं दिया है। संजय सोम एवं उनकी माताजी अनुराधा सोम ने बताया कि यह घर मेरे बेटी के नाम था, जिसने के.पी. सिंह से यह घर खरीदा था। मेरी बेटी का नाम कनिका बसु है और कैंसर से उसकी मौत हो गई

जमशेदपुर- जमशेदपुर के सोनारी परदेसी पाड़ा, बी ब्लॉक के रहने वाले संजय सोम ने भाड़े में रोहिणी महानंद को घर एग्रीमेंट के आधार पर दिया था। लगभग चार-पांच साल बीत जाने के बाद रोहणी महानंद उस घर में कब्जा जमाए हुए हैं। पिछले 2 साल से उन्होंने भाड़ा भी नहीं दिया है।

संजय सोम एवं उनकी माताजी अनुराधा सोम ने बताया कि यह घर मेरे बेटी के नाम था, जिसने के.पी. सिंह से यह घर खरीदा था। मेरी बेटी का नाम कनिका बसु है और कैंसर से उसकी मौत हो गई।
दामाद पहले ही गुजर चुके हैं। यह घर हमने अपने बेटे के नाम कर दिया है, क्योंकि कनिका बसु का कोई संतान नहीं थी। इसलिए कनिका बसु के माता ने कनिका के भाई के नाम कर दिया। सभी कागज सही रहने के बावजूद भी रोहिणी महानंद उस घर पर अपना अधिकार जाता रही है।
उसका कहना है कि वह दोनों बुढ़ा बूढ़ी का सेवा हम किए थे। उसने मेरे घर नाम कर दिया, जबकि उसके पास कोई कागज नहीं है। उल्टा वह धमकाने के लिए गलत ढंग से केस कर रहे हैं। न्याय के लिए संजय सोम ने थाना में शिकायत दर्ज कराई है। टाटा स्टील को भी लिखित जानकारी दी है। टाटा स्टील ने संजय सोम के नाम से यह घर आवंटित कर दिया है।




