एनआईटी जमशेदपुर में दो राष्ट्रीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का शुभारंभ
राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) जमशेदपुर के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग द्वारा 25 मई से 5 जून 2026 तक आयोजित दो सप्ताह अवधि के दो राष्ट्रीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (एफडीपी) का शुभारंभ ऑनलाइन माध्यम से किया गया। कार्यक्रम के विषय “अंडरवॉटर रोबोटिक्स एवं एकॉस्टिक कम्युनिकेशन” तथा “एफपीजीए आधारित कम्युनिकेशन सिस्टम डिजाइन” हैं। इन दोनों एफडीपी का प्रायोजन ई-एंड-आईसीटी अकादमी, एनआईटी पटना द्वारा किया जा रहा है, जिसने प्रत्येक कार्यक्रम के लिए दो-दो लाख रुपये का अनुदान प्रदान किया है

एनआईटी जमशेदपुर में दो राष्ट्रीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम का शुभारंभ
सरायकेला खरसावां आदित्यपुर- राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) जमशेदपुर के इलेक्ट्रॉनिक्स एवं कम्युनिकेशन इंजीनियरिंग विभाग द्वारा 25 मई से 5 जून 2026 तक आयोजित दो सप्ताह अवधि के दो राष्ट्रीय फैकल्टी डेवलपमेंट प्रोग्राम (एफडीपी) का शुभारंभ ऑनलाइन माध्यम से किया गया। कार्यक्रम के विषय “अंडरवॉटर रोबोटिक्स एवं एकॉस्टिक कम्युनिकेशन” तथा “एफपीजीए आधारित कम्युनिकेशन सिस्टम डिजाइन” हैं। इन दोनों एफडीपी का प्रायोजन ई-एंड-आईसीटी अकादमी, एनआईटी पटना द्वारा किया जा रहा है, जिसने प्रत्येक कार्यक्रम के लिए दो-दो लाख रुपये का अनुदान प्रदान किया है।
उदघाटन सत्र की अध्यक्षता एनआईटी जमशेदपुर के निदेशक प्रो. गौतम सुतरधार ने की। मुख्य अतिथि के रूप में प्रो. एस.एन. सिंह, कुलपति, श्रीनाथ विश्वविद्यालय एवं पूर्व प्रोफेसर, एनआईटी जमशेदपुर उपस्थित रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रो. सुभाषिस भौमिक, आईआईईएसटी शिबपुर तथा प्रो. प्रतुल अर्विंद, निदेशक, बाबू बनारसी दास इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट, लखनऊ ने अपने विचार व्यक्त किए।
अपने उदघाटन संबोधन में प्रो. गौतम सुतरधार ने अंडरवॉटर प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में भारत की उपलब्धियों तथा इस क्षेत्र में एनआईटी जमशेदपुर द्वारा किए जा रहे महत्वपूर्ण अनुसंधान कार्यों की जानकारी दी। मुख्य अतिथि प्रो. एस.एन. सिंह ने संस्थान की शोध एवं नवाचार गतिविधियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रम शिक्षकों और शोधार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी हैं। प्रो. प्रतुल अरविंद ने अंडरवॉटर व्हीकल्स की वर्तमान उपयोगिता, भविष्य की संभावनाओं तथा राष्ट्रीय विकास में उनकी भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने एनआईटी जमशेदपुर के पूर्व छात्र होने के नाते संस्थान की हाल के वर्षों में हुई उल्लेखनीय प्रगति की भी प्रशंसा की तथा कहा कि निदेशक प्रो. गौतम सुतरधार के नेतृत्व में संस्थान ने शोध, सम्मेलन, फैकल्टी विकास कार्यक्रमों और अकादमिक गतिविधियों के क्षेत्र में नई ऊँचाइयाँ प्राप्त की हैं।
कार्यक्रम के संयोजक डॉ. प्रशांत कुमार, डॉ. कौशिक दास, डॉ. जयेंद्र कुमार एवं डॉ. मृत्युंजय रावत हैं। देश के लगभग सभी राज्यों से 125 से अधिक शिक्षकों ने इन कार्यक्रमों में सहभागिता दर्ज की है। आगामी बारह दिनों में देश के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों, आईआईटी एवं एनआईटी के विशेषज्ञ व्याख्यान देंगे। अंत में डॉ. जयेंद्र कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी अतिथियों, वक्ताओं तथा प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विभिन्न राज्यों एवं भाषाई पृष्ठभूमि से जुड़े प्रतिभागियों की सक्रिय सहभागिता कार्यक्रम की सफलता का प्रमाण है तथा आने वाले दिनों में विशेषज्ञों के व्याख्यान प्रतिभागियों के ज्ञान और शोध क्षमता को और समृद्ध करेंगे।
अंडरवॉटर रोबोटिक्स एवं ध्वनिक संचार नेटवर्क” विषयक एनआईटी जमशेदपुर में आयोजित संकाय विकास कार्यक्रम (एफडीपी) संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्य 9 तथा सतत विकास लक्ष्य 14 को सशक्त समर्थन प्रदान करते हुए इंडस्ट्री 4.0 की अगली पीढ़ी की अनुसंधान एवं नवाचार पहलों को प्रोत्साहित करता है।




